जांच करवाने में बीएनएमयू प्रशासन व जांच टीम की नियत में है खोट: राठौर - मधेपुरा खबर Madhepura Khabar

 

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8 सितंबर 2021

जांच करवाने में बीएनएमयू प्रशासन व जांच टीम की नियत में है खोट: राठौर

मधेपुरा: बीएड ऑन स्पॉट एडमिशन में हुई धांधली व रोस्टर की अनदेखी को ले बनी जांच कमिटी द्वारा एक बार फिर जांच को रोक देने पर वाम छात्र संगठन एआईएसएफ ने कड़ा ऐतराज जताया है. संगठन के बीएनएमयू प्रभारी हर्ष वर्धन सिंह के ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर संगठन की ओर से जांच में हो रहे विलंब पर आपत्ति दर्ज कराते हुए कहा कि बीएड प्रकरण के जांच में बीएनएमयू प्रशासन व जांच टीम की मंशा साफ नहीं है. शुरू से ही इसे लटकाने व फंसाने की साजिश चलती रही है. जांच टीम के किसी सदस्य अथवा पदाधिकारी पर कोई आरोप है तो उन्हें अलग कर जांच को चलने देना चाहिए जिससे पीड़ित छात्रों को न्याय के लिए और इंतजार न करना पड़े. 
जांच टीम पर लगातार विश्वास जताया गया है और उम्मीद रही है कि पीड़ित छात्रों को न्याय मिले. छात्र नेता राठौर ने कहा कि विश्वविद्यालय किसी बिंदु को ढाल बना जांच को एक बार फिर विराम देने कि चाल न चले. एआईवाईएफ के राष्ट्रीय परिषद् सदस्य शम्भु क्रांति ने कहा कि यह जांच टीम अंदर से ईमानदार नजर नहीं आती है ऐसा लगता है कि दोषियों से लेनदेन कर उन्हें बचाने की मुहिम चल रही है इसी लिए पीड़ितों से सारी जानकारी लेने व कॉलेजों का समय निर्धारित करने के बाद भी एक बार फिर जांच को लटका दिया गया है. उन्होंने कहा कि संगठन मांग करती है कि कुलपति इस सम्बन्ध में शीघ्रता दिखाएं अन्यथा यह जांच प्रकरण का मामला काला धब्बा बनता जा रहा है. 

एआईएसएफ राज्य परिषद् सदस्य सौरभ कुमार ने कहा कि अब विश्वविद्यालय व जांच टीम हद को पार कर रही है ऐसा लगता है कि न्याय के लिए दर दर भटक रहे छात्रों के भविष्य की उन्हें चिंता नहीं है अगर चिंता होती तो ऐसे हालात नहीं होते. उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि अगर जांच टीम में किसी पर आपत्ति है तो विश्वविद्यालय उनके विकल्प के साथ जांच को जारी रखे जांच को रोकना कोई विकल्प नहीं. संगठन को पीड़ित छात्रों की चिंता है. 
(रिपोर्ट:- ईमेल) 
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