कुलगीत व स्वागत गीत के बाद प्रधानाचार्या प्रो डॉ उषा सिन्हा का स्वागत वक्तव्य हुआ. उन्होंने अतिथियों का स्वागत करते नाट्य के उदभव व विकास की चर्चा की व इसके महत्व पर प्रकाश डालते कहा कि नाट्य हमारे जीवन का हिस्सा है. हमारा पूरा जीवन नाट्य ही तो है. इसके बाद प्रस्तुतियां शुरू हुई. एकांकी में प्रथम स्थान एलएनएमएस कॉलेज को गड्डा, द्वितीय स्थान एमएचएम कॉलेज को दुल्हों का बाजार एवं तृतीय स्थान पार्वती साइंस कॉलेज मधेपुरा को सोशल मीडिया के दुष्परिणाम पर मिला. मूक में आरएम कॉलेज को प्रथम, यूवीके कॉलेज, कड़ामा को द्वितीय व एलएनएमएस कॉलेज बीरपुर को तृतीय स्थान मिला.
नुक्कड़ नाटक में प्रथम पुरस्कार आरजेएम कॉलेज, द्वितीय एमएलटी कॉलेज एवं तृतीय पुरस्कार आरएम कॉलेज को मिला. प्रहसन में प्रथम आरएम कॉलेज, द्वितीय एलएनएमएस कॉलेज एवं तृतीय यूवीके कॉलेज को मिला. मंच संचालन डॉ प्रत्यक्षा राज ने किया. उद्घाटनकर्ता डॉ अबुल फजल ने प्रतिभागियों को प्रोत्साहित करते हअपना वक्तव्य दिया. मौके पर प्रो सूर्यमणि कुमार, डॉ एके ठाकुर, डॉ अनिल कुमार, नीलेन्द्र कुमार पाण्डेय, डॉ अभय कुमार, डॉ अनिता, डॉ अजीता, डॉ वरुण कुमार, डॉ रमेशचन्द्र झा, डॉ मनोज नारायण भगत, डॉ रेणु, डॉ आरती, डॉ बेबी कुमारी, डॉ अनुजा कुमारी, डॉ निक्की, डॉ रमा, डॉ प्रियंका, डॉ जुबेदा नाज, डॉ श्वेत शरण, डॉ वंदना मिश्रा, डॉ अर्चना दत्ता, डॉ रितु प्रिया, डॉ अभिषेक कुमार, डॉ संजित कुमार सिंह, देववंश सिंह, जितेन्द्र कुमार, रंजन कुमार, कुमारी सरिता, सविता कुमारी सहित अन्य लोग मौजूद थे.
(रिपोर्ट:- मोहन कुमार)
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