शंकरपुर: बाल विकास परियोजना शंकरपुर अंतर्गत राष्ट्रीय पोषण माह के अवसर पर आंगनबाड़ी केंद्र संख्या-19 पर पोषण प्रदर्शनी का आयोजन किया गया. इस दौरान सेविकाओं द्वारा पोषण प्रदर्शनी के माध्यम से उपस्थित महिलाओं एवं समुदाय के लोगों को पोषण से संबंधित विस्तृत जानकारी दी गई. साथ ही प्रत्येक माह की भांति इस माह भी 19 को अन्नप्राशन दिवस परियोजना अंतर्गत सभी आंगनबाड़ी केंद्रों पर आयोजित की गई. इसी क्रम में सीडीपीओ स्वाति कुमारी द्वारा आंगनबाड़ी केंद्र संख्या 19 पर आरती कुमारी का गोद भराई एवं सागर कुमार का अन्नप्राशन कराया गया. आंगनबाड़ी केंद्र संख्या 68 पर आरूषी, स्वाति एवं आंचल कुमारी का अन्नप्राशन कराया गया.
वहीं आंगनबाड़ी केंद्र पर पौधरोपण भी किया गया. मौके पर बाल विकास परियोजना पदाधिकारी स्वाति कुमारी ने कहा कि अन्नप्राशन से बच्चों का मानसिक एवं शारीरिक विकास होता है. अन्नप्राशन संस्कार 16 संस्कारों में सातवें स्थान पर आता है. जन्म के छह माह तक शिशु माता के दूध पर ही निर्भर रहता है. इसके बाद जब पहली बार शिशु को पारंपरिक विधियों के साथ अनाज खिलाया जाता तो उसे अन्नप्राशन कहते हैं. छह माह बाद बच्चों में ऊपरी संतुलित आहार जिसे अन्नप्राशन के दिन से पूरा किया जाना अनिवार्य है. सीडीपीओ ने उपस्थित गर्भवती महिलाओं से गर्भावस्था के दौरान खुश रहने का अनुरोध किया गया.
(रिपोर्ट:- ईमेल)
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