11/05/15 किसान हल कुदाल-महारैली के बहाने सांसद राजेश रंजन उर्फ पप्पू यादव ने कोसी में अपने वजूद का एहसास करा दिया। सोमवार को बीएन मंडल स्टेडियम में आयोजित महारैली में पप्पू पूरे रंग मेंनजर आए। राजद से निकाले जाने को लेकर इस रैली पर लोगों की निगाहें टिकी हुई थी। क्योंकि रैली के आयोजन की घोषणा पप्पू ने राजद में रहते हुए की थी। कोसी और सीमांचल से बड़ी संख्या में लोग रैली में
पहुंचे। पप्पू ने अपने संबोधन में कोसी, सीमांचल और मिथिलांचल का कई बार जिक्र किया। उन्होंने कहा कि इस बार कोसी सीमांचल और मिथिलांचल की जनता बिहार का मुख्यमंत्री तय करेगी। राजद सुप्रीमो पर प्रहार करते हुए कहा कि दलाली करने वालों को ही राजद में तरजीह मिलती है। विचारधारा की राजनीति करने वालों को गाली दिया जाता है। राजद में मेरे साथ भी यही हुआ। आखिर मेरा कसूर क्या था जो पार्टी से
निष्कासित किया गया। लालू ने त्रासदी का दंश झेल रहे कोसी के लोगों की आसूं पोंछने का एक बार भी प्रयास नहीं किया। यहां के लोगों की मदद लेकर मैंने आवाज उठाई तो गुनाहगार करार दिया गया। बाढ़, सुखाड़, मौसम की मार कोसीवासियों की नियति बन चुकी है। महारैली में पप्पू यादव ने अपने विरोधियों पर भी जमकर कर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि लालू के बेटे भी अब पार्टी के प्रति समर्पित लोगों का अपमान करते हैं।
पहुंचे। पप्पू ने अपने संबोधन में कोसी, सीमांचल और मिथिलांचल का कई बार जिक्र किया। उन्होंने कहा कि इस बार कोसी सीमांचल और मिथिलांचल की जनता बिहार का मुख्यमंत्री तय करेगी। राजद सुप्रीमो पर प्रहार करते हुए कहा कि दलाली करने वालों को ही राजद में तरजीह मिलती है। विचारधारा की राजनीति करने वालों को गाली दिया जाता है। राजद में मेरे साथ भी यही हुआ। आखिर मेरा कसूर क्या था जो पार्टी से
निष्कासित किया गया। लालू ने त्रासदी का दंश झेल रहे कोसी के लोगों की आसूं पोंछने का एक बार भी प्रयास नहीं किया। यहां के लोगों की मदद लेकर मैंने आवाज उठाई तो गुनाहगार करार दिया गया। बाढ़, सुखाड़, मौसम की मार कोसीवासियों की नियति बन चुकी है। महारैली में पप्पू यादव ने अपने विरोधियों पर भी जमकर कर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि लालू के बेटे भी अब पार्टी के प्रति समर्पित लोगों का अपमान करते हैं।










