मंगलवार को कुख्यात अपराधी मंजेश यादव एवं सिकंदर यादव अपने गिरोह के साथ गुप्त सुचना के आधार पर
गिरफ्तार किया गया. मंगलवार रात्रि करीब 02.15 बजे चरैया गाँव के पास करिया घाट पर अवस्थित स्टेज पर कुख्यात अपराधी मंजेश यादव एवं सिकंदर यादव अपने गिरोह के 3 अन्य साथियों के साथ कोई जघन्य अपराध करने की जुगत में था. सुचना मिलते ही अपर पुलिस अधीक्षक ने त्वरित गति से एक टीम बनाया और करिया घाट पर अवस्थित स्टेज पर बने एक कमरे को घेर लिया और आत्मसमर्पण करने को कहा परन्तु अचानक 2 अपराधी फायरिंग करते हुए बाहर निकले और भागने की कोशिश की लेकिन कड़ी घेराबंदी की वजह से वो भागने में असफल रहे और मौका-ए-वारदात पर ही कमरे की तलाशी लेने पर 3 अन्य अपराधियों को भी हथियार समेत गिरफ्तार किया गया. तलाशी में अवैध हथियार देशी कट्टा, जिन्दा कारतूस, मोबाइल, मोटरसाइकिल, सिमकार्ड और गोलियां बरामद की गई. सभी अपराधियों के खिलाफ काण्ड संख्या – 66/16, धारा–399/402/353/333/307/414 एवं 27 आर्म्स एक्ट एवं 25(1-बी)ए/26/35 शस्त्र अधिनियम के तहत केस दर्ज किया गया. इन अपराधियों का इतिहास काफी अपराधिक रहा है, ये लोग मधेपुरा / सहरसा / पुर्णिया / सुपौल में अपराधिक गतिविधियों में सक्रिय रहे हैं. इस कार्रवाई में सम्मिलित सभी पुलिसकर्मियों की टीम को पुलिस अधीक्षक, मधेपुरा द्वारा 20,000 रूपये नगद पुरस्कार राशि एवं प्रशस्ति पत्र से सम्मानित किया गया
गिरफ्तार किया गया. मंगलवार रात्रि करीब 02.15 बजे चरैया गाँव के पास करिया घाट पर अवस्थित स्टेज पर कुख्यात अपराधी मंजेश यादव एवं सिकंदर यादव अपने गिरोह के 3 अन्य साथियों के साथ कोई जघन्य अपराध करने की जुगत में था. सुचना मिलते ही अपर पुलिस अधीक्षक ने त्वरित गति से एक टीम बनाया और करिया घाट पर अवस्थित स्टेज पर बने एक कमरे को घेर लिया और आत्मसमर्पण करने को कहा परन्तु अचानक 2 अपराधी फायरिंग करते हुए बाहर निकले और भागने की कोशिश की लेकिन कड़ी घेराबंदी की वजह से वो भागने में असफल रहे और मौका-ए-वारदात पर ही कमरे की तलाशी लेने पर 3 अन्य अपराधियों को भी हथियार समेत गिरफ्तार किया गया. तलाशी में अवैध हथियार देशी कट्टा, जिन्दा कारतूस, मोबाइल, मोटरसाइकिल, सिमकार्ड और गोलियां बरामद की गई. सभी अपराधियों के खिलाफ काण्ड संख्या – 66/16, धारा–399/402/353/333/307/414 एवं 27 आर्म्स एक्ट एवं 25(1-बी)ए/26/35 शस्त्र अधिनियम के तहत केस दर्ज किया गया. इन अपराधियों का इतिहास काफी अपराधिक रहा है, ये लोग मधेपुरा / सहरसा / पुर्णिया / सुपौल में अपराधिक गतिविधियों में सक्रिय रहे हैं. इस कार्रवाई में सम्मिलित सभी पुलिसकर्मियों की टीम को पुलिस अधीक्षक, मधेपुरा द्वारा 20,000 रूपये नगद पुरस्कार राशि एवं प्रशस्ति पत्र से सम्मानित किया गया
(रिपोर्ट:मधेपुरा:- गरिमा उर्विशा)









