मधेपुरा: विश्वविद्यालय स्नातकोत्तर इतिहास विभाग में 2020-22 सत्र के चतुर्थ सेमेस्टर के छात्रों के लिए विदाई समारोह का आयोजन किया गया. इस अवसर पर छात्र एवं छात्राओं के द्वारा विभाग के प्राध्यापकों को पुष्पगुच्छ, माला, एवं अंगवस्त्रम से सम्मानित किया गया. कार्यक्रम विभागाध्यक्ष प्रो. (डॉ.) चंद्र प्रकाश सिंह की अध्यक्षता में हुई. इस पर प्रो. (डॉ.) चंद्र प्रकाश सिंह ने छात्रों को संबोधित करते हुए कहा की छात्रों को अपने व्यक्तित्व में निखार लाने एवं आज के कठिन प्रतियोगिता के वातावरण में कठिन परिश्रम पर बल देने की बात कहीी. सिर्फ रोजगार पाना ही जीवन का लक्ष्य नहीं होना चाहिए बल्कि शिक्षा प्राप्त कर समाज और देश की प्रगति में अपना योगदान देने की बात कही.
उन्होंने कहा जीवन एक संघर्ष है, संघर्ष बिना कुछ भी नहीं प्राप्त होता. गौतम बुद्ध का यह संदेश है 'अप्प दीपो भव' अर्थात अपना प्रकाश खुद बनो. अपने को भी प्रकाशित करो और दूसरों को भी. डॉ. विमल कुमार सिंह ने कहा चतुर्थ सेमेस्टर के छात्र रछात्रा बहुत ही अधिक अनुशासन प्रिय, व्यवहार कुशल रहे. उन्होंने छात्रों को उच्च शिक्षा के प्रति अग्रसर होने की बात कहीं. डॉ. अमरेंद्र कुमार ने कहा आप सभी इतिहास विभाग की धरोहर हैं. आप नित नई ऊंचाई को प्राप्त करें और अपने विभाग का नाम रोशन करें. डॉ. अनिल कुमार ने कहा प्रतियोगी परीक्षा एवं उच्च शिक्षा से संबंधित किसी भी प्रकार की समस्या हो हम लोग हमेशा आप लोगों के लिए तत्पर रहेंगे.
डॉ संजय कुमार ने इस तरह के आयोजन के लिए छात्रों को बधाई दी. मंच का संचालन बालकृष्ण यादव ने किया. मौके पर शिक्षक डॉ. संजय कुमार धर्मेंद्र, मनोज, शशि कुमार, निशा कुमारी, रंजना कुमारी, प्रिया, पूजा, चंदा, जयश्री, जूही, शिवम, सत्यम, जीवन, मंतोष कुमार, राजीव कुमार, प्रीतम, सोनू लालेश्वर, सुशांत राज, सियाराम, सूरज कुमार, बालकृष्ण यादव आदि उपस्थित थे.
(रिपोर्ट:- चिराग कुमार शाह)









